Q
Which state goes to assembly elections 2018 next?
Elections.in WhatsappJoin Us on Whatsapp
News at a Glance

मध्यप्रदेश विधान सभा चुनाव 2018


मध्य प्रदेश 2018 विधानसभा(सभी230 एसी) में होने वाले आम चुनाव की अनुसूची


मतदान कार्यक्रमअनुसूची
राजपत्र विज्ञापन जारी होने की तिथि2.11.2018 (शुक्रवार)
नामांकन की अंतिम तिथि9.11.2018 (शुक्रवार)
नामांकन पत्र जाँचने की तिथि12.11.2018 (सोमवार)
उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि14.11.2018 (बुधवार)
मतदान की तारीख28.11.2018 (बुधवार)
मतगणना की तारीख 11.12.2018 (मंगलवार)
इस तारीख से पहले चुनाव प्रक्रिया पूरी हो जाएगी13.12.2018 (गुरुवार)

मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव 2018 में किस्मत आजमा रहे दिग्गज नेताओं की सूची

भारत में चुनाव प्रणाली लोकतन्त्र का जीता जागता उदाहरण है और जिस पर देश की जनता को पूरा भरोसा है। वैसे तो राज्य की प्रत्येक विधानसभा सीट सरकार बनाने के लिए अपना अहम महत्व रखती है, लेकिन इनमें से कुछ सीटें ऐसी होती हैं जिन पर राज्य के दिग्गज नेता चुनाव लड़ते हैं। आज हम आपको मध्यप्रदेश की कुछ ऐसी ही सीटों के बारे में बता रहे है।

चुनावी मैदान में उतर रहे दिग्गज नेताऔं की सूची



उम्मीदवार का नामविधानसभा क्षेत्र दललिंगजन्मतिथिशिक्षाआपरधिक रिकॉर्डसंपत्ति
शिवराज सिंह चौहानबुधनीभाजपापुरुष5 मार्च 1959एमएकोई आपराधिक केस नहीं6 करोड़ से अधिक
राकेश सिंहजबलपुरभाजपापुरुष04 जून 1962बी.एससी.एक केस2.65 करोड़
कमलनाथछिंदवाड़ाकांग्रेसपुरुष18 नवम्बर 1946बीकॉमकोई आपराधिक केस नहीं206 करोड़
ज्योतिरादित्य सिंधियागुनाकांग्रेसपुरुष1 जनवरी 1971एमबीएकोई आपराधिक केस नहीं33.08 करोड़
नंद सिंह चौहानखंडवाभाजपापुरुष8 सितंबर 1952स्नातककोई आपराधिक केस नहीं4 करोड़
जयंत कुमार मलैयादमोहभाजपापुरुष20 फरवरी 1947वाणिज्य स्नातक और एल.एल.बीकोई आपराधिक केस नहीं13.65 करोड़
गोपाल भार्गवरेहलीभाजपापुरुष1जुलाई 1952स्नातक (बी.एस.सी) तथा एल.एल.बी.कोई आपराधिक केस नहीं1.01 करोड़
गौरीशंकर शेजवारसांचीभाजपापुरुष1 जुलाई 1950एम.बी.बी.एस.कोई आपराधिक केस नहीं3.71 करोड़
नरोत्तम मिश्रदतियाभाजपापुरुष15 अप्रैल, 1960एम.ए., पीएच.डी.कोई आपराधिक केस नहीं2.96करोड़
कुसम महदेलेपन्नाभाजपामहिला15 अगस्त 1943बी.एस.सी., एल. एल. बीकोई आपराधिक केस नहीं2.07करोड़
कुंवर विजय शाहहरसूदभाजपापुरुष1 नवंबर 1962एम.ए.कोई आपराधिक केस नहीं6.83करोड़
गौरीशंकर चतुर्भजबालाघाटभाजपापुरुष1 जनवरी 1952एम.एस.सी. (वनस्पति शास्त्र)एक केस7.41 करोड़
रुस्तम सिंहमुरैनाभाजपापुरुष9 जुलाई 1945एम.ए., एल.एल.बी.कोई आपराधिक केस नहीं6.97 करोड़
ओम प्रकाश धुर्वेशाहपुराभाजपापुरुष13 मई 1964बी.एस.सी.एक केस1.20 करोड़
उमाशंकर गुप्ताभोपाल दक्षिण-पश्चिमभाजपापुरुष24 जून 1952एम.कॉमकोई आपराधिक केस नहीं3.33 करोड़
अर्चना चिटनिसबुरहानपुरभाजपामहिला20 अप्रैल, 1964एम.एस-सी, बी.एड, एल.एल.बी.कोई आपराधिक केस नहीं4.07करोड़
यशोधरा राजे सिंधियाशिवपुरीभाजपामहिला19 जून 195412 वींकोई आपराधिक केस नहीं5.95 करोड़


Track your constituency

मध्य प्रदेश चुनाव एक नजर में
संसदीय निर्वाचन क्षेत्र29
विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र230
सत्तारूढ़ पार्टी भारतीय जनता पार्टी
विपक्षी पार्टी कांग्रेस
मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान
राज्यपालआनंदीबेन पटेल
मुख्य निर्वाचन अधिकारीसुश्री. सलीना सिंह, आईएएस
पता मध्य प्रदेश निर्वाचन सदन, 17-एरिया हिल्स, भोपाल, मध्य प्रदेश, भारत


मध्य प्रदेश विधानसभा उप-चुनाव परिणाम

क्र. सं.विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रविजेता उम्मीदवारविजेता पार्टी
1कोलारसमहेन्द्र सिंह यादव कांग्रेस
2मुंगावलीब्रिजेन्द्र सिंह यादवकांग्रेस


मध्य प्रदेश निकाय चुनाव परिणाम

पदभाजपाकांग्रेसअन्य
अध्यक्ष991
सलाहकार19414513


मध्य प्रदेश चित्रकूट विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र उप-चुनाव परिणाम

9 नवंबर 2017 को आयोजित होने वाले चित्रकूट विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र उप-चुनावों के नतीजे शनिवार, 11 नवंबर 2017 को घोषित किए गए। कांग्रेस अपनी सीटों को थामे रहने में कामयाब रही जबकि भाजपा दूसरे स्थान पर रही। इस उप-चुनाव में करीब 65% मतदान हुआ था। चुनाव में 198122 मतदाता पंजीकृत थे जिसमें से 126203 वोट वैध पाए गए। यहाँ पर 24544 मतदाताओं ने नोटा को चुनना पसंद किया।

उम्मीदवार का नामपार्टी का नाम वोट स्थिति
नीलाशुं चतुर्वेदीकांग्रेस 66810विजेता
शंकर दयाल त्रिपाठीभाजपा 52677उप-विजेता


मध्य प्रदेश उप-चुनाव परिणाम 2017

विधानसभा उप-निर्वाचन क्षेत्र विजेतापार्टी वोटउप-विजेता पार्टी वोट
अटेरहेमंत कटारे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस59228अरविन्द सिंह भदौरिया भाजपा 58371
बांधवगढ़शिवनारायण सिंह "लल्लू भैया"भाजपा 74356सावित्री सिंहभारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस48880


मध्य प्रदेश उप-चुनाव 2017 में मतदान प्रतिशत

जिला विधानसभा/निर्वाचन क्षेत्रपुरूष (% में)महिला (% में)कुल (% में)
उमरिया बांधवगढ़70.1563.9567.05
भिंडअटेर59.956.5158.42


मध्य प्रदेश चुनावों के बारे में

मध्य प्रदेश भारत के केन्द्र में स्थित है इसलिए इसकी भौगोलिक स्थिति के कारण इसको “भारत का दिल” कहा जाता है। सन् 1956 में इस राज्य की स्थापना की गई थी। भोपाल इस राज्य की राजधानी है और इसका सबसे बड़ा शहर भी यही है। 50 जिलों वाले इस राज्य की आबादी 72,000,000 से अधिक है। 76.5% साक्षरता दर के साथ यह साक्षरता दर के मामले में भारत में आठवें स्थान पर है। राज्य की आधिकारिक भाषा हिन्दी है।

मध्य प्रदेश के मौजूदा राज्यपाल राम नरेश यादव और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान हैं, जो कि भाजपा के एक सदस्य हैं। यह राज्य भारतीय राजनीति और संस्कृति के संबंध में सबसे अहम राज्यों में से एक माना जाता है। राज्य से भारत की संसद को 40 सदस्य भेजे जाते है: जिनमे 29 लोकसभा (निचले सदन) और 11 राज्यसभा के लिए (उच्च सदन) के लिए चुने जाते हैं। भाजपा और कांग्रेस इस राज्य की दो सबसे प्रभावी पार्टियाँ हैं। राज्य में द्विदलीय व्यवस्था है। हाल ही संपन्न होने वाले चुनावों में राज्य की क्षेत्रीय पार्टियाँ ज्यादा अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाईं। नवंबर 2008 में आयोजित होने वाले राज्य चुनावों में भाजपा ने 143 सीटें जीतकर अपना बहुमत सिद्ध किया था। भाजपा कांग्रेस को हराकर सत्ता में आई थी। कांग्रेस को 71 सीटें ही मिली थीं जबकि बसपा केवल 7 सीटों पर ही सिमट कर रह गई थी। मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव 2013 के नतीजे देखिए।

मध्य प्रदेश 2013 विधानसभा चुनावों के नतीजों की घोषणा 8 दिसंबर 2013 को हुई। भाजपा लगातार तीसरी बार कांग्रेस को हराकर सत्ता में आई। मध्य प्रदेश विधानसभा की 230 सीटों में से केवल 58 सीटें जीतकर कांग्रेस को करारी हार का सामना करना पड़ा जबकि भाजपा को 165 सीटें प्राप्त हुई, शेष 7 सीटों पर अन्य राजनीतिक पार्टियों ने जीत दर्ज की। भाजपा के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लगातार तीसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की लीग में प्रवेश किया, मोदी ने भी गुजरात में ऐसा ही रिकार्ड दर्ज किया था।

मध्य प्रदेश में कांग्रेस की तरफ से मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार ज्योतिरादित्य सिंधिया और दिग्विजय सिंह कांग्रेस की उम्मीद थे। चुनावी नतीजों से जाहिर होता है कि मध्य प्रदेश में भाजपा को सत्ता से विरोध का सामना नहीं करना पड़ा था। मध्य प्रदेश में चौहान की सफलता के अलावा इस समय भाजपा से प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेन्द्र मोदी को भी राज्य में चुनाव प्रचार के लिए जिम्मेदार ठहराया गया था।

प्रशासनिक व्यवस्था

मध्य प्रदेश में एक एकसदन वाली विधायिका है। अन्य सभी राज्यों की तरह ही मध्य प्रदेश में भी शासन की संसदीय प्रणाली लागू होती है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में कार्यकारी प्राधिकरण मंत्री-परिषद के साथ निहित है। भारत के राष्ट्रपति द्वारा राज्यपाल की नियुक्ति की जाती है, यह राज्य का संवैधानिक प्रमुख होता है। राज्य में इंदौर, ग्वालियर और जबलपुर में उच्च न्यायालय की खंडपीठ हैं। इसके बाद जिला न्यायालय और परिवार न्यायालय हैं। स्थानीय स्तर पर राज्य कई मंडलों में बंटा हुआ है जो आगे जिलों में बंटा हुआ है। प्रत्येक मंडल का प्रमुख एक कमिश्नर होता है जबकि प्रत्येक जिले की प्रमुखता एक कलेक्टर द्वारा की जाती है।

राज्य की समस्याएं

हालांकि राज्य में नक्सलवाद, जातीय संघर्ष और आतंकवाद जैसी कोई भी गंभीर समस्या नहीं है, लेकिन शिक्षा, महिला एवं बाल स्वास्थ्य, गरीबी, लिंग आधारित भेदभाव आदि जैसी सामाजिक विकास से संबंधित भीतरी समस्याएं राज्य में व्याप्त हैं।

बहुराष्ट्रीय कंपनियों के आगमन से राज्य के प्राकृतिक संसाधनों पर बहुत ही प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। कारखानों से निकलने वाले प्रदूषित पदार्थों को उपचार किए बिना ही नदियों में बहा दिया जाता है जिससे नदियाँ और भूमिगत जल प्रदूषित हो रहे हैं।

चुनाव प्रचार के समय विभिन्न पार्टियों ने भ्रष्टाचार, प्रशासन, अर्थिक विकास और रोजगार जैसे मुद्दों को लेकर एक दूसरे को लक्षित किया था।

मध्य प्रदेश की राजनीतिक पार्टियाँ

भाजपा- भारतीय जनता पार्टीबीपीआई- बोल्शेविक पार्टी ऑफ इंडियासीपीआई-कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया
एफबीएल (एमजी) - एफबी (मार्क्सवादी समूह)एफबीएल (आरजी) - फॉरवर्ड ब्लॉक (रुकर समूह)एचएमएस - अखिल भारतीय हिंदू महासभा
कांग्रेस - भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेसकेएमपीपी - किसान मजदूर प्रजा पार्टीआरआरपी - अखिल भारतीय राम राज्य परिषद
एससीएफ - अखिल भारतीय अनुसूचित जाति संघएसपी - सोशलिस्ट पार्टीबीएलसी - भारतीय लोक कांग्रेस
एसकेपी - एस.के. पक्ष 



51 जिले क्रमिक रूप से 51 जिला पंचायतें बनाते हैं। मध्य प्रदेश की नगर पालिकाओं को तीन भागों – नगर निगमों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों – में बाँटा गया है।

मध्य प्रदेश की राज्य विधानसभा

मध्य प्रदेश की स्थापना 1 नवंबर 1956 को हुई थी। मध्य भारत, विंध्य प्रदेश, भोपाल, महाकौशल और मध्य प्रदेश को एक में मिलाकर इस राज्य की स्थापना की गई थी। पहली विधानसभा 1 नवंबर 1956 से लेकर 5 मार्च 1957 तक चली थी। पुनर्गठन के बाद 1957 में पहले चुनाव आयोजित किए गए थे। राज्य की विभानसभा को मध्य प्रदेश विधानसभा भी कहा जाता है।

मध्य प्रदेश राज्य की चुनावी प्रणाली में राष्ट्रीय स्तर का प्रतिनिधित्म शामिल है। एक ऐसी सरकार गठित करने के लिए लगातार चुनाव आयोजित किए जाते हैं जो राज्य के कर्तव्यों का निर्वाहन कर सके। राज्य की विधानसभा में 230 सीटें हैं। विधानसभा की कार्याविधि पाँच साल होती है लेकिन इसको समय से पहले भंग किया जा सकता है, भंग होने के बाद इसके अधिकार समाप्त हो जाते हैं। भाजपा विधायक सीताराम शर्मा राज्य विधानसभा के मौजूदा वक्ता हैं। 2013 में राज्य में चुनाव आयोजित किए गए थे जिसके बाद 5 दिसंबर 2013 को राज्य की 12वीं और मौजूदा विधानसभा का गठन किया गया था। मध्य प्रदेश विधानसभा के सदस्यों पर एक नजर

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्रियों की सूची
क्रमांकमुख्यमंत्रीकब सेकब तकपार्टी का नाम
1शिवराज सिंह चौहान12 दिसंबर, 2008सतारूढ़भाजपा
2शिवराज सिंह चौहान29 नवंबर, 200512 दिसंबर, 2008भाजपा
3बाबूलाल गौर23 अगस्त 200429 नवंबर, 2005भाजपा
4उमा भारती8 दिसंबर, 200323 अगस्त 2004भाजपा
5दिग्विजय सिंह1 दिसंबर, 19988 दिसंबर, 2003कांग्रेस
6दिग्विजय सिंह7 दिसंबर, 19931 दिसंबर, 1998कांग्रेस
 राष्ट्रपति शासन16 दिसंबर, 19926 दिसंबर, 1993 
7सुंदरलाल पटवा5 मार्च, 199015 दिसंबर, 1992भाजपा
8श्यामा चरण शुक्ला9 दिसंबर, 19894 मार्च, 1990कांग्रेस
9मोतीलाल वोरा25 जनवरी, 19898 दिसंबर, 1989कांग्रेस
10अर्जुन सिंह14 फरवरी, 19 8824 जनवरी, 1989कांग्रेस
11मोतीलाल वोरा13 मार्च, 198513 फरवरी, 1988कांग्रेस
12अर्जुन सिंह11 मार्च, 198512 मार्च, 1985कांग्रेस
13अर्जुन सिंह8 जून, 198010 मार्च,1985कांग्रेस
 राष्ट्रपति शासन18 फरवरी 19808 जून, 1980 
14सुंदरलाल पटवा20 जनवरी, 1 9 8017 फरवरी, 1 9 80जनता पार्टी
15वीरेन्द्र कुमार सक्लेचा18 जनवरी, 197819 जनवरी, 1980जनता पार्टी
16कैलाश चंद्र जोशी26 जून, 197717 जनवरी, 1978जनता पार्टी
 राष्ट्रपति शासन29 अप्रैल, 197725 जून,1977 
17श्यामा चरण शुक्ला23 दिसंबर, 197529 अप्रैल, 1977कांग्रेस
18प्रकाश चंद्र सेठी23 मार्च,197222 दिसंबर, 19 75कांग्रेस
19प्रकाश चंद्र सेठी29 जनवरी, 197222 मार्च, 1972कांग्रेस
20श्यामा चरण शुक्ला26 मार्च,196928 जनवरी, 1972कांग्रेस
21राजा नरेशचंद्र सिंह13 मार्च, 196925 मार्च, 1969कांग्रेस
22गोविंद नारायण सिंह30 जुलाई, 196712 मार्च, 1969कांग्रेस
23द्वारका प्रसाद मिश्रा9 मार्च,196729 जुलाई, 1967कांग्रेस
24द्वारका प्रसाद मिश्रा30 सितंबर, 19638 मार्च,1967कांग्रेस
25भगवंतराव मंडलोई12 मार्च,196229 सितंबर, 1963कांग्रेस
26कैलाश नाथ काटजू14 मार्च, 195711 मार्च, 1962कांग्रेस
27कैलाश नाथ काटजू31 जनवरी, 195714 मार्च,1957कांग्रेस
28भगवंतराव मंडलोइ1 जनवरी, 195730 जनवरी, 1957कांग्रेस
29पं. रविशंकर शुक्ला1 नवंबर,195631 दिसंबर, 1956कांग्रेस




मध्य प्रदेश के राज्यपालों की सूची
क्रमांकराज्यपाल का नामकब सेकब तक
1आनंदीबेन पटेल23 जनवरी, 18वर्तमान
1ओम प्रकाश कोहली (अतिरिक्त प्रभार)8 सितंबर, 1623 जनवरी, 18
1श्री राम नरेश यादव8 सितंबर, 117 सितंबर, 16
2श्री रामेश्वर ठाकुर30 जून, 097 सितंबर, 11
3डॉ बाल राम जाखर30 जून, 0429 जून, 09
4श्रीकृष्ण मोहन सेठ5 फरवरी, 0429 जून, 04
5श्री राम प्रकाश गुप्ता5 जुलाई, 035 जनवरी, 04
6डॉ भाई महावीर22 अप्रैल, 985 जून, 03
7डॉ मोहम्मद शफी कुरेशी24 जून, 9321 अप्रैल, 98
8श्री कुंवर महमूद अली खान2 जून, 9023 जून, 93
9श्रीमती सरला गरवाल31 मार्च, 892 मई, 90
10श्री के. एम. चांडी30 दिसंबर, 8730 मार्च, 89
11न्यायमूर्ति एन डी ओझा12 जनवरी, 8729 दिसंबर, 87
12श्री के. एम. चांडी15 मई, 8430 नवंबर, 87
13श्री भागवत दयाल शर्मा10 अगस्त, 8314 मई, 84
14न्यायमूर्ति जी.पी. सिंह21 सितंबर, 8310 जुलाई, 83
15श्री भागवत दयाल शर्मा7 अक्टूबर, 8120 सितंबर, 83
16न्यायमूर्ति जी.पी. सिन्हा26 मई, 817 सितंबर, 81
17श्री भगवत दयाल शर्मा30 अप्रैल, 8025 मई, 81
18श्री चेपुदिरा मुथाना पुनाचा17 अगस्त, 782 9 अप्रैल, 80
19श्री निरंजन नाथ वंचू14 अक्टूबर, 7716 अगस्त, 78
20श्री सत्यनारायण सिन्हा3 अगस्त, 7113 अक्टूबर, 77
21श्री के. चेंगलाराय रेड्डी2 अक्टूबर, 663 जुलाई, 71
22न्यायमूर्ति पी. वी. दीक्षित2 मार्च, 662 सितंबर, 66
23श्री के. चेंगलाराय रेड्डी2 नवंबर, 652 फरवरी, 66
24पद्म विभूषण श्री हरि विनायक पटस्कर14 जून, 572 अक्टूबर, 65
25श्री भोगराजू पट्टाभी सीतारामय्या11 जनवरी, 5613 जून, 57


मध्य प्रदेश के कैबिनेट मंत्री

मंत्रालयमंत्री का नाम
मुख्यमंत्री, सामान्य प्रशासन, नर्मदा घाटी विकास, संस्कृति, पर्यटन, वैमानिकी श्री शिवराज सिंह चौहान
गृह व कारावासश्री बाबूलाल गौर
जल संसाधन, वित्त व वाणिज्यिक कर, योजना, अर्थशास्त्र और सांख्यिकीश्री जयन्त कुमार मलैया
पंचायत, ग्रामीण विकास और सामाजिक न्याय व सहकारी समितिश्री गोपाल भार्गव
वन, जैव-विविधता और जैव प्रौद्योगिकीश्री गौरीशंकर शेजवार
शहरी प्रशासन और आवास-पर्यावरणश्री कैलाश विजयवर्गीय
लोक निर्माण कार्यश्री सरताज सिंह
स्वास्थ्य और परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा, आयुष, भोपाल गैस त्रासदी और संसदीय मामलेंश्री नरोत्तम मिश्रा
खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षणश्री कुंवर विजय शाह
किसान कल्याण और कृषि विकासश्री गौरीशंकर चतुर्भुज बिसेन
तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास, उच्च शिक्षाश्री उमाशंकर गुप्ता
पशुपालन, बागवानी और खाद्य प्रसंस्करण, मछुआरों के कल्याण व मत्स्य विकास, कॉटेज और ग्रामोद्योग, कानून और विधान मामलों, लोक स्वास्थ्य अभियंतासुश्री कुसुम मेहदेले
वाणिज्य, उद्योग और रोजगार, सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम, खेल और युवा कल्याण, धार्मिक संस्थाश्रीमती यशोधरा राजे सिंधिया
विद्यालय व शिक्षापारस चंद्र जैन
नई व नवीकरणीय ऊर्जा, खनिज संसाधन और जनसंपर्कश्री राजेंद्र शुक्ला
श्रम, पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक कल्याण, वंचित, खानाबदोश और अर्ध-भिक्षु जनजाति कल्याणश्री अंर्त सिंह आर्य
राजस्व, पुनर्वासश्री रामपाल सिंह
जनजातीय कल्याण, अनुसूचित जाति कल्याणश्री ज्ञान सिंह
महिला एवं बाल विकासश्रीमती माया सिंह
परिवहन, सूचना प्रौद्योगिकी, लोक सेवा प्रबंधन, लोक शिकायत निवारणश्री भूपेंद्र सिंह
राज्य मंत्री, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षाश्री दीपक जोशी
राज्य मंत्री, नर्मदा घाटी विकास, सामान्य प्रशासन, विमान-वहनश्री लाल सिंह आर्य
राज्य मंत्री, स्वास्थ्य और परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा, आयुष, गैस राहत, संसदीय मामलोंश्री शरद जैन
राज्य मंत्री, संस्कृति और पर्यटनश्री सुरेंद्र पटवा


मध्य प्रदेश के राज्यसभा सदस्य

नामपार्टीकार्यकालनामपार्टीकार्यकाल
श्री सत्यव्रत चतुर्वेदीभारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस03/04/2012 से 02/04/2018श्री अनिल माधव देवभारतीय जनता पार्टी30/06/2010 से 29/06/2016
श्री थवार चंद गेहलोतभारतीय जनता पार्टी03/04/2012 से 02/04/2018डॉ. नजमा.ए. हेपतुल्लाभारतीय जनता पार्टी03/04/2012 से 02/04/2018
श्री सत्यनारायण जाटियाभारतीय जनता पार्टी10/04/2014 से 09/04/2020श्री प्रभात झाभारतीय जनता पार्टी10/04/2014 से 09/04/2020
डॉ चंदन मित्राभारतीय जनता पार्टी30/06/2010 से 29/06/2016विजयलक्ष्मी साधौभारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस30/06/2010 से 29/06/2016
श्री दिग्विजय सिंहभारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस10/04/2014 से 09/04/2020श्री प्रकाश जावड़ेकरभारतीय जनता पार्टी03/04/2012 से 02/04/2018


मुख्य निर्वाचन अधिकारी मध्य प्रदेश

मुख्य निर्वाचन अधिकारी चुनाव के लिए जिम्मेदार होता है और वह यह सुनिश्चित करता है कि चुनाव “स्वतंत्र एवं निष्पक्ष” बना रहे। श्री जयदीप गोविंद मध्य प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी हैं, इनको आम चुनाव 2009 से पहले नियुक्त किया गया था। सन् 1960 में जन्मे गोविंद मध्य प्रदेश में ही पले बढ़े और वनस्पति विज्ञान से स्नातकोत्तर डिग्री हासिल करने के साथ-साथ विकास प्रबंधन की डिग्री भी हासिल की। अक्टूबर 2013 में गोविंद ने कहा था कि कम मतदान होने के कारण लोकतंत्र विफल रहा है। अपनी बात जारी रखते हुए उन्होंने कहा कि लोगों को भारतीय संविधान द्वारा प्रदत्त शक्तियों को समझना चाहिए, मतदान के समय इसका उपयोग करना चाहिए और इसके प्रति लापरवाह रवैया नहीं अपनाना चाहिए जो कि आजकल अधिकतर मतदाताओं के बीच प्रचलित है।

मध्य प्रदेश नागरिक निकाय (नगरपालिका) चुनाव परिणाम 2015

निकाय प्रकार और नामबीजेपीकांग्रेसअन्य
उज्जैन नगर निगममीना जोनवालहारहार
मुरैना नगर निगमअशोक अर्गलहारहार
विदिशा नगर पालिका परिषद मुकेश टंडनहारहार
सारंगपुर नगर पालिका परिषदहाररूपल पाटिलहार
धुवरा नगर पालिका परिषदहारहारअरुणा राजे
कोटर नगर पालिका परिषदशांति देवी शर्माहारहार
चाकघाट नगर पालिका परिषदमीनाक्षी गुप्ताहारहार
भैंसदेही नगर पालिका परिषदअनिल सिंह ठाकुरहारहार
सुवासरा नगर पालिका परिषदमगनलाल सूर्यवंशी हारहार
हरदा नगर पालिका परिषदसाधना जैनहारहार


मध्य प्रदेश लोकसभा चुनाव 2014 का सारांश

भारतीय जनता पार्टी ने मध्य प्रदेश में पूर्ण बहुमत से अपनी जीत दर्ज की। पार्टी ने राज्य की 29 संसदीय सीटों में से 27 सीटों पर जीत हासिल की थी। जबकि शेष दो सीटें कांग्रेस के हाथ लगीं। शिवराज सिंह चौहान राज्य के मुख्यमंत्री हैं और मुख्यमंत्री ही राज्य का मुखिया होता है। भारतीय जनता पार्टी, कांग्रेस और बहुजन समाज पार्टी राज्य की अग्रणी पार्टियाँ हैं, वर्तमान में भाजपा अग्रणी पार्टी है। 16वें लोकसभा चुनाव में सभी राजनीतिक पार्टियों ने चुनाव प्रचार में अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी। मध्य प्रदेश में 29 संसदीय सीटें हैं जिन्होंने तीन अलग-अलग चरणों में 16वें लोकसभा चुनाव में भाग लिया था। 2014 चुनावों के एक्जिट पोल ने राज्य में भाजपा की जीत की भविष्यवाणी कर दी गई थी।
Last Updated on November 14, 2018